
देहरादून में विजयादशमी के अवसर पर दशहरा पर्व पारंपरिक उत्साह और सांस्कृतिक उल्लास के साथ मनाया गया। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने लक्ष्मण चौक वेलफेयर सोसाइटी द्वारा हिंदू नेशनल कॉलेज, देहरादून में आयोजित रावण दहन एवं दशहरा मेले में प्रतिभाग किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने रावण दहन कर बुराई पर अच्छाई की विजय का संदेश दिया और प्रदेशवासियों को विजयादशमी की शुभकामनाएं दीं। कार्यक्रम में कैबिनेट मंत्री खजान दास भी उपस्थित रहे। मुख्यमंत्री ने कहा कि दशहरा भारतीय संस्कृति का एक महत्वपूर्ण पर्व है, जो सत्य, धर्म और न्याय की स्थापना का संदेश देता है।
रावण दहन केवल एक धार्मिक परंपरा नहीं, बल्कि अपने भीतर मौजूद अहंकार, क्रोध, लोभ और नकारात्मक प्रवृत्तियों को त्यागने की प्रेरणा भी है। उन्होंने कहा कि भगवान राम का जीवन हमें कठिन परिस्थितियों में भी सत्य और धर्म के मार्ग पर अडिग रहने की सीख देता है। उनके आदर्श परिवार, समाज और राष्ट्र के प्रति अपने दायित्वों का ईमानदारी से निर्वहन करने की प्रेरणा देते हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि दशहरा मेले जैसे आयोजन उत्तराखंड की सांस्कृतिक विरासत को जीवंत बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। ऐसे कार्यक्रम नई पीढ़ी को भारतीय परंपराओं, धार्मिक मान्यताओं और पौराणिक प्रसंगों से जोड़ने का अवसर प्रदान करते हैं। इसके साथ ही स्थानीय स्तर पर जनसहभागिता बढ़ाने और सामाजिक मेल-जोल को प्रोत्साहित करने में भी इनकी अहम भूमिका रहती है। मुख्यमंत्री ने लक्ष्मण चौक वेलफेयर सोसाइटी के प्रयासों की सराहना करते हुए आयोजन से जुड़े सभी लोगों को शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि पर्वों की सार्थकता तभी है, जब उनके संदेशों को अपने व्यवहार में अपनाया जाए और समाज में सदाचार, सद्भाव तथा सकारात्मकता को बढ़ावा दिया जाए।
